सच्चा जीवन साथी शायरी

जळगाव सोन्याचा आजचा भाव

जळगाव सोन्याचा आजचा भाव, पिताजी: बेटा...तुम दोनों का प्रेम .... मेरे पास शब्द नहीं हैं...तू मदोनों एक दूसरे से इतना प्रेम करते हो की एक दूसरे के परिवार के लिए अपने प्रेम तक को कुर्बान करने से नहीं चूकते| मुझे तुम दोनों पे फक्र है....मानु की माँ...इन दोनों को शादी करने की इज्जाजत देके हमने कोई गलत फैसला नहीं किया| पिताजी: तो अनिल...बेटा आगे क्या इरादा है! (उनका ये सवाल दोनों के लिए था, पर इससे पहले की सुमन कुछ बोलती..अनिल ही बोल पड़ा|)

भौजी का सर ऑफर से झुक गया| मैं जाने लगा तो नेहा बाहर आई और मेरी कमीज पीछे से पकड़ के खींचते हुए बोली; मैं हँसते हुये उठा और बोला- लेकिन यार इरम, मुझे कुछ खास मजा नहीं आया। पता नहीं क्यों तुमने दिल से मेरे साथ एंजाय नहीं किया है.

डॉली को चेतन की तरफ मुँह करके मैंने उसे अपनी बाँहों में खींचा और उसके होंठों पर चुम्बन करते हुए बोली- आज तो तुझे तेरी भाई ने ही रगड़ दिया यार.. जळगाव सोन्याचा आजचा भाव बड़की अम्मा: नहीं... मैं जानती हूँ की लड़का ही होगा! तुम ये मिठाई खाओ| (ये कहते हुए उन्होंने मेरे आगे मिठाई का डिब्बा सरका दिया|)

सेक्सी फिल्में चाहिए हिंदी में

  1. इतने में आयुष और नेहा दोनों आ गए| नेहा आके मेरे पास कड़ी हो गई और आयुष मेरे सामने भौजी के पास बैठ गया|
  2. काशी- देख सन्नी, जो होना था वो हो गया, उसे हम वापिस नहीं ला सकते। लेकिन अब हम अगर चाहें तो फरी बहन को कहीं और किसी के साथ बदनाम होने से बचा सकते हैं... सेक्स वीडियो का वीडियो
  3. भाभी: अरे तू बार बार मुझे जाने के लिए ही क्यों बोल रहा है? चली जाउ? चलो चले ही जाते है... अजी सुनते हो? भौजी: उस दिन आयुष ने पहली बार आपको देखा था..अब तक तो वो सिर्फ तस्वीर ही देखता था और तस्वीर में आपकी दाढ़ी-मूंछ नहीं थी ना....इसलिए आपको पहचान नहीं पाया|
  4. जळगाव सोन्याचा आजचा भाव...मैं उसकी बात सुन के हैरानी से उसे देखने लगा... आखिर ये मेरे बालों में तेल क्यों लगाना चाहती है? क्या ये मुझसे प्यार करती है? या इसके बाप ने इसे सीखा-पढ़ा के मुझे फंसने भेजा है? मुझपे कब से सुर्खाब के पर लग गए कि ये मुझमें दिलचस्पी ले रही है? चेतन ने डॉली का एक हाथ मेरी चूची पर रखा तो डॉली बोली- प्लीज़्ज़्ज़.. भाई ना करो ना.. छोड़ो भाभी को.. आख़िर आप करना क्या चाहते हो?
  5. माँ: बहु...ऐसी हालत में कभी भूखे नहीं रहना चाहिए...इसलिए खाना जर्रूर खा लेना वरना ये नालायक भी नहीं खायेगा| मैं: नेहा.. देखो आपकी मम्मी अभी कितना कमजोर हैं फिर भी अपनी बेटी कि ख़ुशी के लिए उठक-बैठक करने के लिए तैयार हैं| आप यही चाहते हो???

महंगे ड्रिंक वाले रेस्टोरेंट

भौजी: ठीक है...मैं भी इस मुद्दे पे आपसे बहंस नहीं करुँगी और वादा करती हूँ की डिलिवरी होने तक मैं आपने मायके ही रहूँगी| और हाँ एक और वादा करती हूँ... की कल का आखरी दिन मैं ऐसे जीऊँगी की आपकी सारी यादें उसी एक दिन में पिरो के आपने दिल में बसा लूँ|

मैं: सर देखिये...आपका गुस्सा जायज है...but please let me talk to the guy and don't worry I'll get it replaced at no extra cost! Please Sir gimme a chance! भाभी के शब्द मुझे शूल की तरह चुभ रहे थे| मैं भाग के रसोई तक गया और वहाँ से हंसिया उठा लाया... और भाभी को दिखाते हुए बोला:

जळगाव सोन्याचा आजचा भाव,डॉली ने चौंक कर मेरी तरफ और फिर मेरी सामने की ड्रेस को देखा और बोली- भाभी मैं.. मैंने इस ड्रेस का क्या करना है।

भाभी जब हसती हैं तो उनके दोनो गालों में गड्ढे (डिम्पले) पड़ते हैं, मे उनमें अपनी उंगली घुसा कर हल्के-2 सहला देता था, तो भाभी और ज़्यादा मस्ती करने लगती.

जब डॉली के जिस्म में कोई भी हरकत नहीं हुई.. तो चेतन की हिम्मत बढ़ने लगी और उसने डॉली के कन्धों को किस करते हुए थोड़ा और आगे को आते हुए उसके सीने के ऊपरी हिस्से को और फिर अपनी बहन के गाल को भी चूम लिया।आज का मौसम आज का मौसम

कुछ देर में डॉली भी नहा ली और हम दोनों ने फिर से वो ही नेट शर्ट बिना ब्रेजियर के पहन ली और इस बार बिना मेरी कहे ही डॉली ने वो शर्ट बिना ब्रा के पहनी और बड़े आराम से अपने भाई के सामने आ गई। बाजी- अरे भाई आज तो हिम्मत ही नहीं है मुझमें। तुम आज की रात अम्मी को अपने साथ ले जाओ सफदर अंकल की तरफ।

मुझे इस तरह रोकने से वो व्याकुल हो गईं और उन्हें चिंता होने लगी की कहीं मुझे कोई कष्ट तो नहीं हो रहा|

खाने के दौरान भी डॉली मेरे इशारे पर टेबल के नीचे से ही अपने पैर के साथ अपने भाई को टीज़ करती रही और जब भी मौका मिलता तो उसके लण्ड को अपनी पैर से टच कर देती। इस सब के दौरान हर बार चेतन खुद को मेरी नजरों से बचाने की भरसक कोशिश कर रहा था।,जळगाव सोन्याचा आजचा भाव नीलू की बात सुनकर फरी खामोश हो गई और अब रूम से फरी की कोई आवाज नहीं आ रही थी।और कुछ देर की ये खामोशी बाहर खड़े मुझ पे बड़ी भारी गुजर रही थी और मैं दिल से दुआ कर रहा था कि फरी हाँ बोल दे।

News