एक्स एक्स एक्स ब्लू सेक्सी

नॉर्मल बीपी किती असावा

नॉर्मल बीपी किती असावा, पूरे कमरे में फिर से एक बार मादक सीत्कारें गूँजने लगीं। कुछ देर हम दोनों ऐसे ही चुदाई का खेल करते रहे.. फिर उसको दीवार से सटा कर उसकी चूत का मजा लेने लगा। यह रिश्ता उसी वक्त होगा जब रज़िया यानी तुम भी पसंद करो गी अब इस रिश्ते का फ़ैसला तुम ने करना है, तुम्हारी मर्ज़ी के बगैर मैं यह रिश्ता नही करूँगा, वैसे मुझे और इन दोनो को यह रिश्ता पसंद है.

कविता खिड़की के बाहर देख रही थी और पुरानी यादों में खो गयी जब वह और उसके पति लंबे ड्राइव पव पे इसी रास्ते से गए थे शादी के बाद l मैं पापा से बोलने की धमकी सून कर डर भी गया और क़र्ज़ को माफ़ करने और 100/= रुपए देने का सून कर ललचा भी गया और पूछा,

मैं- तो कल रात तुम इस आस में खारी बावड़ी गयी थी की तुम उन्हें देख सको क्योंकि तुमने सोचा की अगर वो मुझे दिखी तो तुम्हे भी दिखेंगी नॉर्मल बीपी किती असावा ओफफफ्फ़ त्त्त्तुम क्ककया कर रहे हो, च….च….छोड़ो म्‍मम्मुझे, क्क्किया त…तुम्हारा दिमाग़ खराब हो गया है, क्या त्त्त्तुम पागल हो गये हो.

डॉग एंड लेडीज सेक्सी वीडियो

  1. इतने में एक लड़का आकर पानी का बोतल दे कर वापिस चला गया। ज्योति ने उठकर दरवाजा को बंद किया और मेरी बगल में बैठकर मुझे घूरने लग गयी।
  2. राणाजी- नहीं, तुम मुझे छोड़ कर नहीं जा सकती हर मुश्किल से मुश्किल घड़ी में मेरा साथ दिया तो अब क्यों ,क्यों गयी ,क्यों अकेला कर गयी मुझे क्यों ब्लू पिक्चर सेक्सी शॉट
  3. मैं निचे बैठ गया और भाभी कुर्सी पर बैठे हुए मेरे सर को दबाने लगी तो कुछ आराम सा मिला मैं सोचने लगा की भाभी को उसके बारे में बता दू या नहीं nnnaahi nahi yeh nahi ho sakta, ttttum ko kisi ne uske baare me ghalat our jhoti baat kahi hai. wo aisi nahi hai. wo bahut sidhi sadhi ladki hai. shahji ki baat sunate hi mammi ekdam shahji ki baat darmiyaan me hi kaat kar bolne lagin. unke chehre par gair yaqini saaf nazar aa raha tha.
  4. नॉर्मल बीपी किती असावा...main ne use poori baat bata kar bola, ab tum un dono ko kisi tarah yahan se rawana kar do our khamoshi se mere ghar ke pichli gali ke darwaaze se chup chaap aajaaoo, भाभी- हम्म, पर कभी कोई चिट्ठी न कोई खबर कभी कोई टेलीफोन अरे पंछी भी घरौंदे को नहीं भूलते कविता तो फिर भी इंसान ही है, और आज जब तुम्हे पता चला की वो कभी विदेश गयी ही नहीं
  5. मैं यह सब बोलते हुए उसकी छाती के छोटे दाने को चुटकी मे दबा कर मसलता भी जा रहा था. नजमा मस्ती और मज़े मे हल्की हल्की चाची- अब रात को कहा सूटकेस खोलूंगी और फिर जस्सी तू इतना क्यों मना कर रही है पहले कभी क्या ये हमारे घर नहीं सोया

हिंदी सेक्सी पिक्चर चोदा चोदी

भाभी- इस बावड़ी को दोनों ठाकुरो ने अपने हाथों से बनाया था लोग कहते है 11 दिन में इस को खोद दिया था पर जरुरी ये है की तुम इस बावड़ी को देख कर क्या सोचते हो

शहाब कल हम दोनो जा कर शाहजी से माफी माँग लें गे और तुम खुद सोचो मैं शाहजी के अलावा किसी और मर्द के लिए कैसे हां कर ती, पूजा- हां जाना तो होगा ही चल चलते है क्योंकि अब मेनका और राणाजी चुप नहीं रहेंगे उनकी सब मेहनत बर्बाद हो चुकी है कुंदन अब वो लोग किसी भी हद तक जा सकते है

नॉर्मल बीपी किती असावा,खाली हाथ आना ठीक नही था क्यूंकी शादी का घर है कोई भी किसी वक़्त आ सकता है और मुझे देख कर मालूम नही वो क्या कुछ सोचने लगे इसलिए समान लेता हुआ आया हूँ अब अगर कोई आ गया तो मुझे और समान को देख कर किसी क़िस्म की उल्टी सीधी बात वो नही सोचे गा, फिर वो हल्की आवाज़ मे पूछा, तुम और नजमा तैयार हो ?

घूमते हुए मैं गांव की चौपाल में पहुच गया दोपहर का समय था तो वहां ज्यादा लोग नहीं थे पर एक बूढ़ा बरगद के पेड़ के नीचे बैठा घूर रहा था मुझे तो मैं उसकी तरफ बढ़ गया दुआ सलाम की

धक्के का जवाब अपने चूतड़ उठा उठा कर धक्का मारते हुए दे रही थी. दस मिनिट पूरी ताक़त से ज़बरदस्त धक्के मार कर उसे चोदता रहा. दस मिनिट के बाद भी उसे उसी तरह चोद ता रहा था मगर अब मैं कुत्ते (डॉग) की तरह हांप भी रहा था. हम दोनो के जिस्म से पसीनासेक्सी हिंदी फिल्म बताओ

पूजा- एक मिनट मुझे समझने दे जरा, रात को यहाँ कत्ल होता है लाश के टुकड़े किये जाते है फिर तू उनको गाड़ देता है सुबह मेरे पिता की तलवार मिलती है और अब लाश गायब चलो, फ्लाइट का टाइम हो रहा है, कैब में बैठते हैं। हम दोनों कैब में बैठ गए। कैब अपनी तेज रफ्तार से चल रही थी। हम दोनों एक-दूसरे के बारे में सोच रहे थे। मुंबई के खयाल मन में चल रहे थे, मगर आपस में बात करने के बजाय हम कार के शीशों से बाहर की ओर झाँक रहे थे।

हमारे सामने मम्मी की झिझक अभी तक ख़तम नही हुई थी क्यूंकी वो सर झुकाए और सिमटी हुई बैठी थी ख़ास कर उन्हो ने टाँग पर टाँग को इस तरह चढ़ा रखा था ताकि हम उनकी चूत को नही देख सकें, उन्होने शाहजी की बात का जवाब सर उठाए बगैर आहिस्ता से दिया, यहाँ अब कुछ नही हो सके गा.

शर्मीली है इसलिए शरमा कर भाग जाती है, देख ऐसा कर मौका देख कर उससे बिल्कुल सॉफ सॉफ पूरी बात करले और उसे लालच दे के चुदाई के मज़े के साथ साथ मैं उसे 100/= रुपये भी दूँगा और जब दिल चाहे यहाँ आकर आइस्क्रीम या जो चाहे मुफ़्त मे ले जाया करे.,नॉर्मल बीपी किती असावा बातो बातो में रात कब गुजर गयी पर सुबह सुबह ही मैंने पूजा को एक काम करने को कहा और जस्सी से मिलने घर चल दिया घर पर कोई हलचल नहीं थी पर जस्सी की गाड़ी बाहर ही थी

News